झूठ बोलना : बच्चो की झूट बोलने की आदत कैसे छुडाये

आप लोगो का स्वागत है हमारे blog पर और आज का आर्टिकल है कि, “बच्चो की झूट बोलने की आदत कैसे छुडाये”. दोस्तों अगर research की माने तो, बच्चो में झूट बोलना मानसिक विकास में शामिल है. तो आप ये नहीं कह सकते की, आपका बच्चा झूट बोलना कहा से सीखा है बल्कि सवाल ये उठता की, आपका बच्चा झूट क्यों बोल रहा है और झूट से कैसे बचाये.

एक दर तक बच्चो में झूट बोलना अच्छा रहता है पर अगर यही झूट की आदत बहुत बढ़ जाये तो बाद में आपको बहुत परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. झूट बोलने के चक्कर में बच्चे सही और गलत बातो को भूल जाते है. तो अगर आप झूट बोलने की आदत से छुटकारा चाहती है तो आपको हमारे तरीको को फॉलो करना चाहिये.

बच्चो की झूट बोलने की आदत कैसे छुडाये

पहले जाने बच्चे झूट बोलना कैसे सीखते है

आपको पहले ये जानना होगा कि, बच्चे झूट बोलना कैसे सीखते है और ये बाद में उनकी आदत कैसे बन जाती है. निचे हमने बस 3 बाते बताई है. इन्हें पढ़े और जाने.

1. बच्चा सब कुछ घर से ही सीखता है

आपको ये मानना होगा कि, आपका बच्चा घर से ही सब कुछ सीखता है. आप जैसा जैसा अपने बच्चे को बताओगे वेसा वेसा आपका बच्चा सीखेगा और आगे फॉलो करेगा. हम आपको ये नहीं कह रहे है कि, आप जानबूझ कर अपने बच्चे को झूट बोलना सिखा रही है. बल्कि कभी कबार हम ज्यादा लाड प्यार के चक्कर में इन चीजों को भूल जाते हो.

For example:- मान लो कि, आपका पूरा परिवार घर पर बैठा है तभी आपके ऑफिस से आपका कोई दोस्त आपसे मिलने आया है और आप उससे मिलना नहीं चाहते है और ऐसे में आप अपनी पत्नी को बोलते है कि, उसे कह दो कि मैं घर पर नहीं हु…….. शाम तक आऊंगा. ऐसे में आपका काम तो बन जाता है या हो सकता है कि आप अपने आपको प्राउड फील करो. पर आप ये भूल जाते हो कि, ये सब आपका बच्चा भी देख रहा है और वो आपकी हरकतों को भी समझ रहा है. ऐसे में क्या होता है कि, उसके मन में भी आजाता है कि, मैं भी झूट बोलू या हो सकता है कि वो आपसे मोटीवेट हो कर फ्लो फ्लो में झूट बोल दे. बस जब एक बारी आपका बच्चा झूट बोलने लग पड़ा तो ये आदत धीरे धीरे बुरी आदतों में बदल जाती है.

2. गलतियों को छुपाने के लिये झूट बोलना

पुराने ज़माने की बात अलग थी……… उस time में सभी सत्य बोलते थे चाहे जान ही क्यों ना चली जाये. पहले सच बोलना धर्म माना जाता था. पर अगर आज कल की generation की बात करी जाये तो आजकल के बच्चे बहुत तेज है. अगर उनसे कुछ भी गलती होती है तो तुरंत उनके mind में ये बात आजाता है कि सच बोलू की झूट. अगर सच बोलूँगा तो मार पड़ेगी पर अगर झूट बोलूँगा तो बच भी सकता हु. अब बच्चा मार तो खाना चाहेगा नहीं क्योंकि गलती उसकी है. तो ऐसे में वो डर के मारे झूट बोल देता है. जब एक बारी वो झूट बोलने में success हो जाता है तो अगली बार उसे झूट बोलने में दिक्कत नहीं आती.

3. बाहर से झूट बोलना सीखना

बच्चो को आगे बढ़ाने के लिये आपको उन्हें अपने सुरक्षित दायरे से बाहर निकालना होता है. उन्हें स्कूल भेजना होता है. ऐसे में आपके बच्चे के कई नये दोस्त बनते है और आपका बच्चा बहुत सी चीज़े बाहर से सीखता है. कुछ अच्छी चीज़े होती है तो कुछ बुरी चीज़े. बुरी चीजों में एक झूट बोलना आजाता है.

झूट बोलने की आदत कैसे छुडाये

अब बात करते है कि, झूट बोलने की आदत कैसे छुड़ाई जाये वो भी कुछ ही दिनों में. निचे हमने कुछ tips बता रखे है आप इन्हें फॉलो करे.

1. बच्चो को प्यार से समझाना

बेशक आपका बच्चा झूट बोलना सीख चूका है और ये उसकी बुरी आदत बन चुकी है. पर अगर आप चाहे तो आप प्यार से समझाकर अपने बच्चे को झूट बोलने की आदत से छुटकारा दिला सकती है. देखिये बच्चे प्यार के भूके होते है, अगर आप अपने बच्चे को प्यार से बिठाकर समझायेंगी तो आपका बच्चा आपकी बातो को समझेगा. उसे समझाए की झूट बोलना सभी के नेचर में होता है, झूट बोलना कोई पाप नहीं है. अगर अच्छे काम के लिये झूट बोलना पड़े तो झूट बोल सकते है पर अगर यही झूट किसी बुराई के लिये बोलना जाये तो ये गलत है ये गुनाह है. अगर आप सच बोलोगे तो आपका समाज में अलग नाम होगा etc etc बाते.

2. सच्चाई के बारे में बताये

कई बच्चो को प्यार से समझाने के बावजूत भी समझ में नहीं आता और वो फिर से झूट बोलने लग जाते है. ऐसे बच्चो को हैंडल करने के लिये आपको उन्हें सच्चाई के बारे में बताना चाहिये. आप honesty स्टोरी के through भी सच्चाई के बारे में बता सकते है. उन्हें books के through बताये कि, सच्चाई में कितना दम है. बच्चो को इतिहास बताये………………. हमारे देश के लोगो की कहानिया सुनाये.

3. बच्चो के साथ Friendly Behave रखे

अक्सर बच्चे झूट तब बोलते है जब बच्चो को माता पिता से डर लगता हो या मार खाने के डर से. माँ बाप अपने बच्चो को काबू करने के लिये सक्त रवया अपनाते है. पर माँ बाप ये भूल जाते है कि, इस रवये से आपका बच्चा बिगड़ भी सकता है. देखिये बच्चो को जितना प्यार से आप रखोगे उतना बच्चा आपके close आयेंगे. आपसे अपनी बाते शेयर करेगा, problem को बतायेंगे. ऐसे में आप उन्हें अच्छा guide कर सकते हो…………………उन्हें सही गलत के बारे में बता सकते हो.

तो दोस्तों आपको ये आर्टिकल कैसा लगा हमे comment करके बताये. दोस्तों हमारे साथ बने रहे next आर्टिकल के लिये.

loading...

Add a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *